(विनोद गोयल) इंदौर में शहर के प्रसिद्ध उपासना केंद्र श्री गोंदवले धाम (प्रजापत नगर) में इस वर्ष भी आध्यात्मिकता का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। ब्रह्मलीन संत श्री ब्रह्मचैतन्य गोंदवलेकर महाराज जी की 112वीं पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी ‘हरिहाट’ मेले का भव्य आयोजन किया जा रहा है।
भक्ति के नौ रूप
सुयश कोकजे ने बताया कि मेले का मुख्य आकर्षण है कि एक ही छत के नीचे भक्ति के नौ रूप हैं। इस आध्यात्मिक मेले की सबसे बड़ी विशेषता सनातन धर्म की ‘नवधा भक्ति’ का प्रदर्शन है। जिस प्रकार किसी मॉल में एक ही छत के नीचे जरूरत की सभी वस्तुएं मिल जाती हैं, उसी प्रकार ‘हरिहाट’ में भक्ति की नौ अलग-अलग विधाओं की सांकेतिक दुकानें सजाई जाती हैं। जैसे नाम जाप, यज्ञ कर्म, भजन कीर्तन, सत्संग /प्रवचन, हनुमान चालीसा, गुरु सानिध्य इत्यादि।
युवा पीढ़ी को परमार्थ सिखाना है उद्देश्य
यहाँ आने वाले भक्तों को बिना किसी शुल्क के प्रभु भक्ति के विभिन्न मार्ग देखने और अपनाने का अवसर प्राप्त होता है। गोंदवले धाम के अधिष्ठाता और आदर्श आध्यात्मिक गुरु श्री श्रीराम कोकजे गुरुजी के मार्गदर्शन में यह आयोजन अपने 19वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। गुरुजी का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को यह सिखाना है कि सांसारिक कार्यों (प्रपंच) के साथ-साथ आध्यात्मिक उन्नति (परमार्थ) भी आवश्यक है। उनका मानना है कि भक्ति के माध्यम से ही भावी पीढ़ी संयमित और समाधानकारी जीवन जी सकती है।
श्री गोंदवले धाम में लगेगा मेला
श्री गोंदवले धाम, में रविवार को प्रातः 8:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक मेले का आयोजन किया जाएगा। गौरतलब है कि श्री गोंदवले धाम, प्रजापत नगर, फूटी कोठी चौराहे के पास में स्थित है। इस मेले में शहर के समस्त धर्मप्रेमी जनता से आने का आवाहन किया है।


