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गीता भवन हॉस्पिटल कायाकल्प के द्वितीय चरण का भूमि पूजन किया महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद ने 

गीता भवन हॉस्पिटल कायाकल्प के द्वितीय चरण का भूमि पूजन किया महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद ने

गोयल पारमार्थिक ट्रस्ट ने शहर के आम नागरिकों को दिया नवरात्रि महापर्व में बड़ा तोहफा

 

इन्दौर। मनोरमागंज स्थित गीता भवन ट्रस्ट द्वारा संचालित गीता भवन हॉस्पिटल के कायाकल्प के दूसरे चरण का भूमि पूजन सोमवार को वृन्दावन के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद के सानिध्य एवं वरिष्ठ समाजसेवी विनोद अग्रवाल तथा प्रेमचंद गोयल सहित गीता भवन न्यासी मंडल के सदस्यों की मौजूदगी में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सम्पन्न हुआ। गोयल पारमार्थिक ट्रस्ट ने इस हॉस्पिटल के कायाकल्प का संकल्प लिया है जो दो वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस चरण के पूरा होने पर गीता भवन का यह हॉस्पिटल 115 बिस्तरों का हो जाएगा।

गीता भवन ट्रस्ट के अध्यक्ष राम ऐरन, मंत्री रामविलास राठी एवं मनोहर बाहेती ने बताया कि गोयल पारमार्थिक ट्रस्ट एवं सहयोगी बंधुओं ने नवरात्रि महापर्व के उपलक्ष्य में शहर के आम नागरिकों के लिए यह बड़ी सौगात देने का संकल्प लिया है। इसके पूर्व कल्याणमल बद्रीप्रसाद गर्ग ट्रस्ट (केटी कंस्ट्रक्शन) ने प्रथम चरण में गीता भवन हॉस्पिटल के भवन की पुरानी ईमारत को पूरी तरह से नए भवन के रूप में बनवाया है और अनेक अन्य सुविधाएँ भी उपलब्ध करवाई है। अब गोयल पारमार्थिक ट्रस्ट के प्रमुख प्रेमचन्द गोयल एवं विजय गोयल ने भी अस्पताल कायाकल्प के द्वितीय चरण के कार्य का संकल्प लिया है जिसके लिए भूमि पूजन की रस्म सोमवार को सुबह गीता भवन एवं गोयल पारमार्थिक ट्रस्ट के सभी सदस्यों एवं साध्वी कृष्णानंद की मौजूदगी में महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद के सानिध्य में सम्पन्न हुई। इस मौके पर गीता भवन ट्रस्ट के संरक्षक ट्रस्टी एवं वरिष्ठ समाजसेवी विनोद अग्रवाल, दिनेश मित्तल, पवन सिंघानिया, महेशचंद्र शास्त्री, संजीव कोहली, हरीश जाजू, आनंद निधि गोयल, अजय अग्रवाल आलूवाले, कैलाशचंद्र बंसल, किशोर गोयल, अरुण आष्टावाले, सतीश गुप्ता, श्याम मोमबत्ती एवं बड़ी संख्या में गीता भवन से जुड़े स्नेहीजन उपस्थित थे। महामंडलेश्वरजी, साध्वी कृष्णानंद एवं ट्रस्ट के सदस्यों ने गेती चलाकर इस शुभ प्रसंग का शुभारंभ किया। अस्पताल के कायाकल्प के बाद इस हॉस्पिटल की क्षमता 115 बिस्तरों की हो जाएगी। वर्तमान में एमवाय के पश्चात सबसे ज्यादा ओपीडी गीता भवन हॉस्पिटल की ही बनी हुई है।

 

 

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