salvation

Eternal Hinduism

जीवन को मोक्ष की ओर प्रवृत्त करना है तो भागवत की शरण जरूरी – पं. शास्त्री

(विनोद गोयल इंदौर) - स्वयं भगवान के श्रीमुख से जिस ग्रंथ की रचना हुई हो, वह कालजयी ग्रंथ ही होता है। भारत भूमि ही वह स्थान है जहां इतनी बड़ी