Narmada River

Narmada

जहां अरब सागर में समा जाती है मां नर्मदा, वहां से शुरू हुई संत श्री अवधेश चैतन्य ब्रह्मचारी जी की उत्तरी तट पर परिक्रमा

अद्भुत छण था वो जब नर्मदा माई अपना भौतिक स्वरूप खोते हुए शांत स्वभाव से अथाह समुद्र मे विलीन हो जाती है। अमरकंटक से सागर तक माई कही रौद्र, कही
Divinity

तपस्थली माने जाते है मां नर्मदा के तट,  मां गंगा भी करती नर्मदा स्नान

आधुनिक युग में मां नर्मदा को चाहे मात्र एक नदी माना जाए लेकिन आज भी नर्मदा का आध्यात्मिक महत्व जानने वाले मां नर्मदा के नदी नहीं शक्ति मानते है। मां