इंदौर(विनोद गोयल)। भगवान श्रीराम के व्यक्तित्व और उनके आदर्शों पर चलकर ही समाज में एकजुटता और समरसता का माहौल निर्मित हो सकता है। हमारी सनातन संस्कृति और परंपराओं में प्रभु श्रीराम ने धर्म और संस्कृति के क्षेत्र में अनेक आदर्श कीर्तिमान स्थापित किए हैं, जो युगों-युगों से हम सबका मार्गदर्शन करते आ रहे हैं। इस दिशा में दशहरा मैदान पर आयोजित किए जा रहे ‘सबके राम’ कार्यक्रम के तहत श्रीराम महायज्ञ, जन्मोत्सव एवं उत्सव मेले का आयोजन एक अनुकरणीय और सार्थक आयोजन होगा।

अवधलोक का भूमिपुजन
सबके राम लोक कल्याण समिति की ओर से संयोजक महेन्द्रसिंह चौहान एवं प्रवीणा पंकज अग्निहोत्री ने बताया कि सदगुरू श्री अण्णा महाराज, हंसदास मठ के महामंडलेश्वर महंत पवनदास महाराज, महामंडलेश्वर दादू महाराज, राज्य के नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, सांसद शंकर लालवानी, पूर्व विधायक जीतू जिराती, आरएसएस परिवार के वीरेन्द्र गोयल, भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता दीपक जैन टीनू,
भाजपा के पूर्व महामंत्री संदीप दुबे, विश्व ब्राह्मण समाज संघ के पं. योगेन्द्र महंत, रणजीत हनुमान मंदिर के पुजारी पं. दीपेश व्यास, किरण जोशी, हेमंत मालवीय, मूलचंद भाई, भाजपा के नगर उपाध्यक्ष भरत पारख एवं गौतम शर्मा तथा परशुराम सेना के पं. अनूप शुक्ला सहित अनेक विशिष्ट अतिथियों ने दशहरा मैदान पर 19 से 27 मार्च तक आयोजित किए जा रहे सबके राम आयोजन के लिए वैदिक मंत्रोच्चार के बीच बृज-वृन्दावन से लाई गई पवित्र मिट्टी एवं जमुना के पावन जल से यज्ञ भूमि के अभिसिंचन के साथ भूमि पूजन समारोह में उक्त दिव्य विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम स्थल को अवधलोक नाम दिया गया है।
प्रेम मंदिर की भव्य एवं दिव्य प्रतिकृति
इस मौके पर सभी अतिथियो का स्वागत करते हुए चौहान एवं श्रीमती अग्निहोत्री ने कहा कि श्रीराम महायज्ञ में प्रतिदिन सैकड़ों यजमान युगल सहभागी बनेंगे। आठ दिवसीय श्रीराम महायज्ञ प्रतिदिन सुबह 7 से 10 बजे तक होगा, जिसके लिए पृथक से यज्ञशाला का निर्माण होगा। वृन्दावन में संत शिरोमणि कृपालु महाराज द्वारा निर्मित प्रेम मंदिर की भव्य एवं दिव्य प्रतिकृति का निर्माण भी भूमि पूजन के बाद से ही प्रारंभ हो गया।
मंदिर की इस प्रतिकृति में रोजाना सुबह 8 से रात 11 बजे तक दर्शन, पूजन एवं आरती के नियमित आयोजन होंगे। दोपहर 3 से रात 11 बजे तक उत्सव मेला आयोजित होगा, जिसमें हर आयु वर्ग के लोगों के लिए विविध व्यंजन, देश के विभिन्न राज्यों के पकवान, आईस्क्रीम, मिठाई, फलाहार तथा प्रभु श्रीराम एवं श्रीकृष्ण के व्यक्तित्व पर आधारित साहित्यिक, सांस्कृतिक उपयोग की वस्तुएं भी उपलब्ध रहेंगी। प्रतिदिन रात्रि 8 बजे से नृत्य, गायन एवं अन्य स्पर्धाएं देश, प्रदेश के ख्यातनाम कलाकारों द्वारा प्रस्तुत किए जाएंगे।
घर-घर पीले चावल देकर आमंत्रण
महोत्सव के कार्यक्रम को अंतिम रूप देने हेतु आयोजन समिति की नियमित बैठकें महूनाका चौराहा, नगर निगम मार्केट स्थित कार्यालय पर प्रतिदिन दोपहर 12 से 4 बजे तक होगी। गत वर्ष इंडिया बुकआफ रिकार्ड्स ने इस आयोजन विश्व कीर्तिमान में शामिल किया है। उन्होंने कहा कि मेले का उद्देश्य यही है कि जिस तरह दस दिवसीय गणेशोत्सव, और नौ दिवसीय नवरात्रि महोत्सव का आयोजन पूरे उल्लास के साथ घर-घर मनाया जाता है,
उसी तरह प्रभु श्रीराम का जन्मोत्सव भी सब लोग मिलकर मनाएं। मेले से लोगों को जोड़ने के लिए वार्ड स्तर पर घर-घर पीले चावल देकर आमंत्रण देने का सिलसिला भी जल्द शुरू किया जाएगा। जल्द ही दशहरा मैदान पर भव्य फाग महोत्सव का आयोजन भी होगा, जबकि मेले का शुभारंभ 19 मार्च को सुबह 10 बजे चेत्र प्रतिपदा गुड़ी पड़वा, चेटीचंड, युगाब्दि एवं हिन्दू नववर्ष के उपलक्ष्य में गुड़ी पूजन के साथ होगा।


