अनूपपुर। मां नर्मदा के पावन तट पर स्थित पुष्य ग्राम के श्री पंच दशनाम जूना अखाड़ा आश्रम में ब्रह्मलीन नर्मदादास जी महाराज की पावन स्मृति में आयोजित विशाल संत समागम एवं भंडारा श्रद्धा और भक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर देशभर से लगभग 2500 संत-महात्माओं एवं हजारों श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर श्रद्धांजलि अर्पित की।

इस भव्य संत भंडारे का आयोजन एवं संपूर्ण व्यवस्था सूरजकुंड, कुंभलगढ़ (राजस्थान) के पूज्य श्री श्री 1008 अवधेश चैतन्य ब्रह्मचारी जी महाराज के मार्गदर्शन एवं संरक्षण में संपन्न हुई। उनके सान्निध्य में आयोजित इस सेवा कार्य में संत-महात्माओं एवं श्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारे की व्यवस्था की गई, जिसमें सभी ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ प्राप्त किया।

कार्यक्रम में वैदिक मंत्रोच्चार, संत प्रवचन, भजन-कीर्तन एवं श्रद्धांजलि सभा का आयोजन हुआ। संतों ने ब्रह्मलीन नर्मदादास जी महाराज के तप, त्याग, नर्मदा सेवा, परिक्रमा और सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार में उनके अतुलनीय योगदान का स्मरण करते हुए उन्हें संत परंपरा का प्रेरणास्रोत बताया।

इस अवसर पर विभिन्न अखाड़ों के संत-महात्मा, महामंडलेश्वर, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी तथा हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजन के अंत में सभी ने ब्रह्मलीन नर्मदादास जी महाराज के आदर्शों पर चलने तथा सेवा, साधना एवं सनातन संस्कृति के संरक्षण का संकल्प लिया।



